Wednesday, May 13, 2015

Shimla: Good news for the aspirants who are planning to apply for the post of Panchayat Sahayak. Himachal Board of Education on behalf of Panchayati Raj Department is going to conduct the HP Panchayat Sahayak Recruitment, 2015 for 280 posts. Aspirants can apply online on HP Board of Education website from 13 to 27 May 2015.

Written test will be held on 14 June 2015 for 280 posts of Panchayat Sahayak. The minimum qualification to apply for the post is Plus Two. Aspirants between 18 to 45 age group can apply for these posts.
Those applicants, who were not able to grab this opportunity last year, need not worry. They will be able to apply for the same this year. Candidate can fill the form online and a copy of the same has to be submitted to HP Board.
Total Posts: 280
Qualification Criteria: Plus Two
Pattern of the Examination
Written Exam: 85 Marks
Interview: 15 Marks
Mode Of Paying Fee: Online
Written Test: 14 June 2015
Due to some irrelevant eligibility criteria the Panchayat Sahayak Recruitment was cancelled in 2014 by the Panchayati Raj Department. Last year more than 60000 applicants had applied for Panchayat Sahayak. The candidates those who had earlier applied for the post has to apply again for the same post.

Tuesday, April 21, 2015

कहते हैं सुबह का भूला अगर शाम को घर लौट आए तो उसे भूला नहीं कहते, लेकिन इसके लिए सुबह भूलना जरूरी है और शाम को घर आना भी। मगर यहां माजरा जरा थोड़ा अलग है, वो शाम को घर तो लौटा, मगर सुबह भूला नहीं था। उसे याद था कि उसकी जमीन खिसक रही है, वो जब शाम को लौटा तब भी उसे याद था कि जमीन का खिसकना जारी है मगर इस बार उसके पास समाधान था। सियासी जमीन को बचाने के पेनकिलर बनीं किसानों की जमीन लेकिन उनके इस एक्शन में जरा टाइम लग गया।

Image Source: www.indiatimes.com


इस सियासी ब्रोक को कई दिग्गजों ने कई नाम दिए, कुछ ने इसे अज्ञातवास कहा, कुछ ने एकांतवास, कुछ ने चिंतन कहा तो कुछ ने सियासी ब्रोक। मगर यह एकांतवास जितना लंबा था कम-बैक उतना धमाकेदार नहीं हो पाया। होगा भी कैसे जिस जमीन को पर्दा बनाकर वो अपने रीलॉन्च का ट्रेलर रिलीज कर रहे थे, उस जमीन का किसान इतना नासमझ थोड़े ही है। दरअसल मामला थोड़ा पेचीदा है जिस तरह किसानों की जमीन पर अनाज उगता है। उसी तरह सियासत की जमीन पर नेता उगते हैं लेकिन यहां भी थोड़ा ट्विस्ट है। किसान की जब फसल खराब होती है तो वो आत्महत्या कर लेता है लेकिन नेता का जब टाइम खराब हो तो वो अज्ञातवास पर चला जाता है।

किसान तो आत्महत्या कर के वापस नहीं लौटता लेकिन अज्ञातवास वाले अक्सर वापस लौटते हैं और उनकी इस घर वापसी को कहा जाता है रीलॉन्चिंग। वैसे किसानों की जमीन पर सियासत की रोटियां पकाना अज्ञातवास से लौटने का पहला स्टेप बन गया है। लेकिन जनाब ये किसान सन् 47 वाला किसान नहीं है ये किसान जरा थोड़ा समझदार है, और सियासी गुणा भाग तो आज का किसान बखूबी समझता है, उसे पता है कि इस रीलॉन्च की पूरी स्टारकास्ट के कार्यकाल में ही बहुत से किसानों ने दुनिया को अलविदा कहा था और उसी स्टारकास्ट का हीरो रीलॉन्च के बहाने किसानों के फिल्मी परदे पर खुद को रीलॉन्च कर रहा है। ये बात पचाना तो जरा किसानों के भी बस का नहीं लग रहा। ऐसे में आम आदमी इस फैक्ट को कैसे समझ सकता है लेकिन जो भी कहें रीलॉन्च की धमाकेदार एंट्री के बहाने ही सही हमारी राजनीति के गायब चल रहे नायक के दर्शन तो हुए..............

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Dharm Prakash

Sunday, March 22, 2015

नाम निर्भया होने का मतलब ये नहीं होता कि उसे डर नहीं लगता, उसे दर्द नहीं होता,उसे फर्क नहीं पड़ता। दरअसल उसका सिर्फ नाम निर्भया था लेकिन डर उसके अंदर भी समाया था । दर्द उसे भी होता था, ये और बात है कि हम उस दर्द को नहीं समझ सकते । मामूली जुकाम होने पर भी हम डॉक्टर को याद करते हैं ताकि डॉक्टर आए और हमारी तकलीफ दूर करे, लेकिन उसकी तकलीफ दूर करने वाला कोई नहीं था। उसकी आवाज सुनने वाला कोई नहीं था।

यह अक्सर होता है हमारे यहां, जब किसी आवाज को सुने जाने की जरूरत होती है, तो कोई मौजूद नहीं होता उसे सुनने के लिए। लेकिन जब आवाज की उतनी महत्वता नहीं होती, तब हम जरूर पहुंच जाते हैं आवाज को न सिर्फ सुनने बल्कि पूरी दुनिया को सुनाने। कैमरा और माइक लेकर कार्यक्रम का नाम इंडियाज़ डॉटर रख देने से बड़ी पीड़ा हो रही थी न हमे। कुछ लोग तो ये भी कह रहे थे कि इस इंडियाज़ डॉटर को जब पूरी दुनिया देखेगी तो हमारी बेइज्जती अंतरराष्ट्रीय स्तर पर होगी। लेकिन किसी ने ये नहीं सोचा कि जो सोच उस कार्यक्रम में दिखाई गई है वो कितनी खतरनाक है।

Photo Courtesy: www.mid-day.com

माना कि दुनिया देखेगी तो हम बेइज्जत होंगे लेकिन जब हम खुद देख रहे हैं तो हमारा इससे कौन सा नाम हो रहा है वकालत के दिग्गज माने जाते हैं वो जनाब और पूरी दुनिया के सामने कहते फिर रहे हैं कि भारत की संस्कृति महान है और इसमें महिलाओं के लिए कोई स्थान नहीं है। समझ नहीं आता कि आखिर ऐसे लोग वकालत के महाग्रंथ में अपना नाम दर्ज कैसे करवा लेते है। वो कहता है कि बलात्कार होने देती तो शायद बच जाती। हम उसे नहीं मारते ये है हमारी साख, हमारी इज्जत, हमारी सोच और इसे दुनिया देख न ले इसीलिए हम चाहते थे कि इंडियाज़ डॉटर पर बैन लगाया जाए।

दरअसल हम दुनिया से छुपाना चाहते हैं कि हम कितने पिछड़े हुए हैं। अगर ऐसा न होता तो हम उन लोगों को सजा देने से पहले एक पल भी न सोचते लेकिन क्या है कि हमारे यहां लोकतंत्र है न, मानवाधिकार आयोग है, हमारा फर्ज बनता है कि हम मानव के अधिकारों की रक्षा करें। फिर चाहे वो मानव किसी लड़की के शरीर के अंदर हाथ डालकर उसके शरीर की आंतें और मांस बाहर ही क्यों न निकाल ले। इससे फर्क नहीं पड़ता बस उसके अधिकारों की रक्षा होनी चाहिए।

पैसा चाहिए तो लक्ष्मी की पूजा करो, ज्ञान चाहिए तो सरस्वती की पूजा करो और शक्ति चाहिए तो दुर्गा की पूजा करो, लेकिन जब हवस हावी हो तो क्या लक्ष्मी, क्या सरस्वती और क्या दुर्गा। कुछ मत सोचो बस रात को सड़क पर निकल जाओ और जो भी लड़की दिखे उसे उठा लो और फिर उसके साथ जी भर कर खेलो। इसमें हमारी कोई गलती नहीं होगी हम तो पुरुष है लेकिन वो लड़की है उसे रात घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए था, गलती उसकी है हमने उस भेड़ियों की तरह काट खाया लेकिन गलती उसकी है, हमने उसकी आंतें बाहर निकाल दी, लेकिन गलती उसकी है, हमने उसके पूरे शरीर को छलनी कर डाला लेकिन गलती उसकी है....

दरअसल गलती हमारी है...कि हम पैदा हुए...गलती हमारी है कि हम गंवार है....गलती हमारी है कि हम आजाद है...गलती हमारी है कि हम...जिंदा है.....



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Dharm Prakash

Friday, January 23, 2015

Stolen idol of Lord Raghunath from Sultanpur (Kullu) has been recovered by police. The idol was buried in the land outskirts of Kullu. This 17th century idol is presides deity of Kullu Dushara.


Photo Credit:Facebook #Virbhadra Singh

Police has recovered all the five stolen idols. The idol of lord Raghunath was taken from Ayodhya in 1657. This idol is made of "Ashthdhatu".



Police and other intelligence agencies were on alert after this theft which took place on 9 December 2014.  Even Interpol was on high alert due to this issue.

Idol of Lord Raghunath- Photo Credit: Indian Express

People of the state are in cheering mood after these antique idols were recovered.

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Saturday, December 13, 2014

Long wait for season's first snow is finally over. The queen of Hills and other tourist destinations Kufri and Narkanda received fresh snowfall. While other higher reaches of the state received heavy snowfall and lower part receives rainfall.



Photo Credit: Santosh Rawat, The Ridge wrapped under the white blanket.


Due to this fresh snowfall and rain temperature of Shimla faces sharp fall. This snow fall has created biting cold wave condition in Himachal Pradesh. Snowfall paralyze the normal life of the people of the state. Snow fall has led the hope of white Christmas in Shimla.

Photo  Credit: Santosh Rawat, Snowfall in Shimla

The tourist spots of Kufri, Fagu and Narkanda are triggering the rush of tourists. Hoteliers cheered up in the hope of increase in the flow of tourists ahead of Christmas and New Year.

Photo Credit: nvonews.com, Fresh Snowfall in Himachal


Wednesday, December 10, 2014

आज के दौर में इंटरनेट से कमाई करने के तरीके कई हैं लेकिन आज हम बात करने जा रहे हैं यू ट्यूब से पैसे कमाने के बारे में। यू ट्यूब में आप अपनी बनाई हुई वीडियो को अपलोड कर सकते हैं। आप को बस जरूरत है कुछ जानकारी की जो की हम आज आपको इस ब्लॉग के माध्यम से दे रहे हैं


सबसे पहले आपको जरूरत है यू ट्यूब पर अपना अकांउट बनाने की, आप अपनी जीमेल आईडी से भी लॉग इन कर सकते हैं। अब आपको यू ट्यूब पर अपना चैनल बनाने की जरूरत होगी, इसके बाद इसमे वीडियो अपलोड करने की जरूरत होगी, आप अपनी बनाई हुई कोई भी वीडिओ यू ट्यूब पर अपलोड कर सकते हैं और उससे अच्छी कमाई कर सकते हैं। यू ट्यूब पर वीडियो अपलोड करते समय इसे मोनीटाइज करना न भूलें क्योंकि यही वह माध्यम है जिसके माध्यम से आपके चैनल में एड्स लगेंगी और आपकी कमाई होगी।

गूगल एडसेंस में अकांउट बना कर भी सीधे अपने चैनल पर एड्स लगाई जा सकती हैं। अब आप सोच रहे होंगे की यू ट्यूब हमे पैसा क्यों देगा ? जो कंपनिया यू ट्यूब को एड्स प्लेस करने के लिए पैसा देती हैं उन कंपनियों की एड्स हमारे चैनल में डिस्पले होगी और उन एड्स पर क्लिक होने से हमें पैसा आएगा। यू ट्यूब कुछ प्रतिशत पैसा अपने पास रखता है और कुछ हमें देता है।

अब आप यह सोच रहे होंगे की किस तरह की वीडियो यू ट्यूब पर अपलोड की जाए, इसके बारे में सिंपल सा फंडा है, जिन भी क्षेत्रों की आप थोड़ी बहुत जानकारी रखते हैं उनके बारे में आप वीडियो बना कर यू ट्यूब पर अपलोड कर सकते हैं।

यू ट्यूब पर ज्यादा से ज्यादा व्यूज के लिए आप अपनी वीडियो को सोशल साइटस पर भी प्रमोट कर सकते हैं। जितने ज्यादा आपके व्यूज होंगे उतना ही ज्यादा आपका रैवेन्यू जनरेट होगा।

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